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Showing posts from February, 2020

#Muawiya_Zafar_Gazali_Mustafai

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पैग़ाम- मेरी लिखी हुई तमाम तहरीरों मजामीन को पड़ने वाले तमाम भाईयो और मेरी माॅ बहनों का मैं दिल से शुक्रगुजार हूं कि आप तमाम की मुहब्बत और हौसला अफजाई की बरकत से आज मुझसे हजारों लोग जुड़ पाए हैं अलहम्दुलिल्लाह मैं इंशाअल्लाह आगे भी दीन ए तौहीद के ईल्म को आम करने की तालीम की इस तहरीरी मज़ामीन तहरीक को कायम और इसकी खिदमत करता रहूंगा इंशाअल्लाह आपसे भी दरखास्त हैं कि आप भी अपने अंदर पड़ने का शौक पैदा करें और दूसरे भाईयो और बहनों को भी हमसे जोड़े क्यूंकि जो कौम पड़ती नहीं हैं वो कौम दलाली के ऐब में मुब्तिला रहती हैं अल्लाह रब्बुलइज्ज़त कहने सुनने से ज़्यादा मुझे और आपको अमल ए अज़ीम की तौफीके रफीक अता फरमाए ईलाही आमीन। दीन ए तौहीद का खादिम- @फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई "रजवी नूरी क़ादरी अमरौहीवी" {-7417474441 अमरोहा शहर कोतवाली}

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काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ لسلام علیکم ورحمتہ اللہ وبرکاتہ..... بِسْــــــمِ اللّٰهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِىْمِ!! *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 लैंखक व तालिबे दुआए शहादत:~फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी {टी.टी.एस.अमरौहा शाह:07417474441} काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ सैय्यदउल मुरसलीन कासिम ए रिज्कअल्लाह आकाओं मौला हुज़ूर रसूलअल्लाह सल्लल्लाहो तबारक वा ताआला अलैहि वसल्लमﷺ और सैय्यदना हजरतें ईसा अलैहिस्सलाम बरोज यौमे क़यामत एक ही क़बर मुबारका से बाहर तशरीफ लाएंगे। {हवाला:मिशकात शरीफ जिल्द:02 सफाह: 480} {हवाला:अल तहकीक ए ग़ज़ाली मुस्ताफाई} ❖┈═══════════┈❖ *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 *लेखक व तालिबे दुआ ए शहादत~• ✒️ *वाबस्ता आस्ताना ए आलाहज़रत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा टी.टी.एस बरेली शरीफ {पीरो मुर्शीद बद्दरूशरिया हुज़ूर मुफ्ती अहसन मिया साहब क़िब्ला सज्जादानशीन आस्ताना ए सरकार आलाहजरत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा}*– *गुलाम ए अली अबू तुरआब फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ता...

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काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ لسلام علیکم ورحمتہ اللہ وبرکاتہ..... بِسْــــــمِ اللّٰهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِىْمِ!! *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 लैंखक व तालिबे दुआए शहादत:~फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी {टी.टी.एस.अमरौहा शाह:07417474441} काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ सैय्यदना हजरतें ह़ारुन अलैहिस्सलाम अपनी ज़िंदगी मुबारका में हूं अपनी क़ब्रे अनवर में लेट गए और वहीं उनकी रूह़ ए पाक को कब्ज़ कर लिया गया था। {हवाला:जज़बुल क़लूब सफाह:55} {हवाला:अल तहकीक ए ग़ज़ाली मुस्ताफाई} ❖┈═══════════┈❖ *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 *लेखक व तालिबे दुआ ए शहादत~• ✒️ *वाबस्ता आस्ताना ए आलाहज़रत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा टी.टी.एस बरेली शरीफ {पीरो मुर्शीद बद्दरूशरिया हुज़ूर मुफ्ती अहसन मिया साहब क़िब्ला सज्जादानशीन आस्ताना ए सरकार आलाहजरत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा}*– *गुलाम ए अली अबू तुरआब फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी*{7417474441}

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मौमीन का वूज़ु ❖┈═══════════┈❖ لسلام علیکم ورحمتہ اللہ وبرکاتہ..... بِسْــــــمِ اللّٰهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِىْمِ!! *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 लैंखक व तालिबे दुआए शहादत:~फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी {टी.टी.एस.अमरौहा शाह:07417474441} मौमीन का वूज़ु ❖┈═══════════┈❖ सैय्यदउल मुरसलीन कासिम ए रिज्कअल्लाह आकाओं मौला हुज़ूर रसूलअल्लाह सल्लल्लाहो ताआला अलैहि वसल्लमﷺ ईरशाद ए हक्कों नूर फरमाते हैं मौमिन जब वूज़ु करता हैं और अपने हाथ धोता हैं तो उसके हाथों के गुनाह दूर हो जाते हैं जिनका उनके हाथों ने इरतिकाब किया हैं जब अपना चहरा धोता हैं तो उसके वो गुनाह माफ़ हो जाते हैं जो उसकी आँखों ने देखें हैं जब सर का मसह करता हैं तो वो गुनाह माफ़ हो जाते हैं जिसको उसके कानों ने सुना जब पैर धोता हैं तो जिन गुनाहों की तरफ उसके क़दम चलकर गए हैं वो गुनाह माफ़ हो जाते हैं फिर नमाज़ की तरफ उठते हैं तो वो उसके लिए फ़ज़ीलत होती हैं।  {हवाला:अत्तरगीब वत्तरहीब सफाह:127   {हवाला:सहीहुल तरग़ीब सफाह:187}  {हवाला:अल तहकीक ए ग़ज़ाली मु...

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माहें रजब मुकद्दसा ❖┈═══════════┈❖ لسلام علیکم ورحمتہ اللہ وبرکاتہ..... بِسْــــــمِ اللّٰهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِىْمِ!! *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 लैंखक व तालिबे दुआए शहादत:~फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी {टी.टी.एस.अमरौहा शाह:07417474441} माहें रजब मुकद्दसा ❖┈═══════════┈❖ रजब दर असल तरजिब से यानि निकला हैं इसके हकीकी माना हैं ताज़ीम करना इसको अल असब यानि सब से तेज़ बहाव भी कहते हैं इस लिये इस माहे मुबारका में तौबा करने वालो पर रहमत का बहाव तेज़ हो जाता हैं और ईबादत करने वालो पर क़बूलिय्यत के अन्वार का फैजान ए ख़ास होता हैं। इस माह ए मुबारका को अल असम्म यानि खूब बहरा भी कहते हैं क्यूकी इसमें जंगो और बदलों की आवाज़ बिलकुल सुनाई नहीं देती और इसे रजब इसलिए कहा जाता हैं कि जन्नत की एक नहर का नाम रजब हैं जिस का पानी दूध से ज्यादा सफैद शहद से ज्यादा मीठा और बर्फ से ज्यादा ठंडा हैं रिवायतों के मुताबिक़ इस नहर से वोही शख्स पानी पियेगा जो रजब मुबारका के महीने में रोज़े रखेगा बाकी अल्लाह रब्बुलइज्ज़त जिसे चाहें। {हवाला:रजब की बहा...

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काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ لسلام علیکم ورحمتہ اللہ وبرکاتہ..... بِسْــــــمِ اللّٰهِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِىْمِ!! *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 लैंखक व तालिबे दुआए शहादत:~फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई रज़ा क़ादरी अमरोहीवी {टी.टी.एस.अमरौहा शाह:07417474441} काश मुझे इतना तो ईल्म हो ❖┈═══════════┈❖ तीन हजरते अंबिया अलैहिस्सलाम जिनका ज़िक्र इशारे के तौर पर कुरआन ए हकीम में हुआ - 01:सैय्यदना हज़रतें शमवील अलैहिस्सलाम !! 02:सैय्यदना हज़रतें यूशअ अलैहिस्सलाम !! 03:सैय्यदना हज़रतें खिज़्र अलैहिस्सलाम !! {हवाला:फतावा रज़विया जिल्द:06 सफाह:61} {हवाला:अल तहकीक ए ग़ज़ाली मुस्ताफाई} ❖┈═══════════┈❖ *اَلصَّــلٰوةُ وَالسَّلَامُ عَلَيْكَ يَا رَسُوْلَ اللّٰهﷺ*🌹 *लेखक व तालिबे दुआ ए शहादत~• ✒️ *वाबस्ता आस्ताना ए आलाहज़रत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा टी.टी.एस बरेली शरीफ {पीरो मुर्शीद बद्दरूशरिया हुज़ूर मुफ्ती अहसन मिया साहब क़िब्ला सज्जादानशीन आस्ताना ए सरकार आलाहजरत रज़ीअल्लाहु तआला अन्हुमा}*– *गुलाम ए अली अबू तुरआब फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफ...

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* 20 जमाद उल आख़िर- * * यौमे विलादत ए पाक सैय्यदा ज़ाहिरा तैय्यबा ताहिरा हजरत ए अम्माजान फातिमा खतीजातुल कुब्रा अलैहिस्सलाम जमात ए मौमीनीन को खूब खूब मुबारका। * * ख़ास बात- * * मौमीन को चाहिए कि  गुरबा और मसाकीन और पड़ोसियों की बारगाह में तबरुक ए फातिहाओ नूर पैश करें चाहे वो पानी ही क्यों ना हो। * * हज़रत ए सैय्यदा अलैहिस्सलाम का गुलाम- * * @फ़कीर मुआविया ज़फ़र ग़ज़ाली मुस्ताफाई "रजवी नूरी क़ादरी अमरौहीवी" !! {7417474441} *